Thursday, May 11, 2017

चांद

पूनम की रात को 
आयी एक सौगात ।

जिसकी सिर्फ आहट से 
उम्मीदोंकी रोशनी 
बस सी गई है 
गरीबखानेकी ईट ईट पर ।

हाए ! 

इस चांद की अमावस कभी न हो ।।

- Swati May 11, 2017 9.00 pm

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